22 May 2008

उस चिडि़या को कहते राज ठाकरें

गांधी तिलक नेता जी कहे,

हम सब है भारतीय।

आज का जन्‍मा यह राज ठाकरे,

बोले मै हूँ महाराष्‍ट्रीय।।

मुझको भी यह आज पता चला

कि मौका परस्‍त किस चिडि़यॉ का नाम,

उस चिडि़या को कहते राज ठाकरें।।

 

कवि - सारस्‍वत श्रीवास्‍तव

प्रयाग संगीत समिति में बासुरी के विद्यार्थी है

3 comments:

ताऊ said...

से बोल्या,

राज नाम है मेरा
सब पे करूंगा राज
पहले महाराष्ट्र
फिर पूर्ण राष्ट्र
सब पे मेरा राज

मैं बोल्या,

छोरे तूं लतियाया गयो है
बुरि तरियां खिजाया गयो है
थारा चाचा ही तुझे दुश्मन लाग्या
थारा दिमाग भैंसे चराने गयो है

तूं बाहर आया सेना से लात खाके
चिल्ला ले, गा ले, शोर मचा के
रो ले, रुला ले, टसुए बहा ले
सारे गरीबों को जी भर सता ले
देश बांटने की कोशिश तूं कर ले
देशवासी आपस में दुश्मन तूं कर ले

छोरे, तूं पछतायेगा इक दिन
जनता के जूते खायेगा इक दिन
तेरे झूठ के जब पुलंदे खुलेंगे
तुझे पानी देने वाले न मिलेंगे

छोरे, याद रख,
गर तूं हिंसा फैलायेगा
सारे, तू भी चपेटा जरूर जायेगा

राजीव रंजन प्रसाद said...

सही आक्रोश है..

***राजीव रंजन प्रसाद

Tara Chandra Gupta said...

sahi likha .